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अभी तो किताब के कुछ पन्ने ही पलटे थे कि तुमने किताब ही वापस ले ली । अच्छा हुआ जो तुमने वापस ले ली, वर्ना कुछ कहानियाँ अच्छी लगती तो शायद बार बार पढ़ने को दिल करता ।❤️❤️ - Anjana Vyas
कौण्डिन्येन पुरा प्रोक्तमिमं मंत्रं पुनः पुनः।जपेन्मासम नयेद्भक्त्या पुरुषोत्तममाप्नुयात।। ये मंत्र कौण्डिन्य ऋषि ने कहा है। ये मंत्र एक महीने तक जपने से मनुष्य साक्षात् पुरुषोत्तम प्रिय हो जाते हैं।।
सहजता से निभे, वे ही रिश्ते सुखद हैं ।जिन्हें निभाना पड़े वो केवल दुनियादारी है ।🙏🏻 - Anjana Vyas
कोई क्या कहेगा, इस चक्कर में हम कई बार उन लोगों की उपेक्षा कर बैठते हैं, जो हमसे सच्चा प्यार करते हैं ।😍😍 - Anjana Vyas
: बैंक से पैसा निकाल कर, घर/ सुरक्षित जगह पर रख लें ! सारे बैंक, इंटरनेट से चल रहे हैं. और, इंटरनेट, समुद्र के अंदर लगी 18 केबल से चल रहा है ! USA ईरान युद्ध में, ये केबल कट सकती हैं !तब बैंक काम नहीं कर सकेंगे ! आप का पैसा डूब सकता है ! अतः,better होगा, कि कैश अपने पास रखें !! 🙏🌷🙏 - Anjana Vyas
जटिलो मुंडी लुंचितकेश : काषायाम्बर बहुकृत वेष : !! पश्यन्नपि च न पश्यति मूढ़ उदर निमित्तं बहुकृत वेष। जाके नख अरु जटा विशाला , ता तापस प्रसिद्ध कलिकाला।। - Anjana Vyas
महाभारत युद्ध के बाद प्रथम बार ऐसी विकट परिस्थितियों का निमार्ण होने जा रहा जो कल्पना सोच से परे होगा। इतिहास अपने आप को दोहराने जा रहा है! ।भारतवासी किसी भी प्रकार की परिस्थिति का सामना करने के लिए लिए तैयार रहें । ऐसी विषम परिस्थितियाँ जो कि महाभारत के युद्ध के समान युगों तक याद रखी जाएगी ।महाभारत के युद्ध में अस्सी प्रतिशत जनसंख्या नष्ट हो गई थी ।कई इतिहासकारों ने इस तथ्य को लिखा है।
*मेरे पुरखो की सैकड़ों साल पहले की गई भविष्यवाणी -जब आएगा बीसा मोहम्मद रहेगा, ना ईसा। संक्षेप में --युधिष्ठिर संवत् 5164 !! विक्रमसंवत 2077 - 57= 2020 ईस्वी सन् कोरोना और विक्रम संवत 2083- 57= 2026 ईस्वी स्थितियाँ !! आगे-आगे देखिये होता है क्या? **अनंत कुमार व्यास मारवाड़ी ** - Anjana Vyas
राम नाम के जप मे कोई नियम नही है न देशकालनियमः शौचाशौचविनिर्णयः । परं संकीर्तनादेव राम रामेति मुच्यते ॥ राम नाम के जप मे न देश काल का नियम है, और न ही पवित्रता अपवित्रता का नियम है। किसी भी अवस्था मे राम नाम का संकीर्तन करने मात्र से जीव मुक्त हो जाता है।
राम नाम के जप मे कोई नियम नही है न देशकालनियमः शौचाशौचविनिर्णयः । परं संकीर्तनादेव राम रामेति मुच्यते ॥ राम नाम के जप मे न देश काल का नियम है, और न ही पवित्रता अपवित्रता का नियम है। किसी भी अवस्था मे राम नाम का संकीर्तन करने मात्र से जीव मुक्त हो जाता है। 🙏🚩🙏
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