Row Agent - 1 - 11 in Hindi Detective stories by bhagwat singh naruka books and stories PDF | रॉ एजेंट सीजन 1 - 11

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रॉ एजेंट सीजन 1 - 11


उधर विजय जुनेदा के साथ मस्ती कर रहा था , पास में कई बीयर की बोतल और अन्य खाने का सामान रखा था ,तभी अचानक अजय सिंह वहा आ जाता है अजय सिंह देखता है की विजय अपना सर जुनेदा की गोद में रखे हुए था

अजय सिंह को देख कर विजय उठ बैठ जाता है जुनेदा शर्म से पानी पानी हो जाती है और अपने कपड़े जल्दी से अपने बदन पर रख लेती है । ओर वहा से जल्दी से बाहर निकल जाती है । 

अजय सिंह ____ये सब क्या है ??? मैंने मना किया था ना 


विजय ____मैन कुछ नही किया यार ,,ये खुद खाना देने आई और मुझ से जबरदस्ती करने लगी ,,तो मैं कैसे माना कर सकता था शायद इसको भी नूर जहां की तरह प्यार की भूख है तो मैं इसकी प्यास बुझाने की कोशिश कर रहा था ।

(शराब के नशे में जुबान साथ नहीं दे रही थी तो अजय सिंह जायदा कुछ नही बोला 

अजय सिंह _____चल अब सोजा,, 

विजय ____ ठीक है ,, वैसे आज बहुत दिनों के बाद नींद अच्छी आएगी  ओके good night dost

(बिस्तर पर सोते हुए ) 

अजय सिंह ____(मन ही मन) ये नही सुधारने वाला ,, 



अगली सुबह _

कमरे में दोनों थे अजय सिंह बॉथरूम से निकल कर बाहर आता है देखता है विजय अभी भी सोया हुआ है ,अपने टावल को हेंगर पर रखते हुए और विजय के पास आता है । 

अजय सिंह _____(लात मारते हुए )

,अगर सपने पूरे हो गए हो तो अब नहा धो लो साहब,,, 

विजय _क्या यार कितना अच्छा सपना देख रहा था यार ,, वो और मैं बस एक दूसरे में डूबने वाले थे ,, थोड़ा देर रुक ही जाता यार 

अजय सिंह ____मुझे लगता है तू अकेला नहीं डूबेगा मुझे भी साथ लेकर डूबेगा और मिशन को भी,,, देख विजय रात को जो हुआ उसके बारे में अब जायदा नही कुछ कहने वाला लेकिन आगे से थोड़ा ख्याल रखना

यार ,अगर जरा सी भी गड़बड़ी हुई तो दोनो पाकिस्तान की जेल में लाइफ टाइम पड़े रहेंगे और कोई हमे निकालने नही आयेगा,,,।

तू तो जानता ही है रॉ एजेंट के नाम से केसे पाकिस्तानी सरकार और फोज बदला लेती है । 

विजय ____सॉरी यार रात के लिए जो हुआ ,,लेकिन मैं क्या करता यार वो अचानक इसे मुड़ में आई की पता ही नही चला कब क्या है 

एक बात तो है यार है तो बहुत सुंदर ,,,। 


अजय सिंह ____अब आगे से ख्याल रखना ,,ओर हा अब जल्दी रेड्डी हो जा ड्यूटी पर जाना है , ज्यादा देर हुई तो वो यहां भी आ सकती है 


विजय ____तू वहा गया ,, काम हुआ या नहीं ?? 

अजय सिंह ____हा हो गया ,, ओर मुझे एक आदमी और मिला है अपने काम का है । 

विजय ___कहा मिला?? 

अजय सिंह ___यही का है मैन गेट पर रात की ड्यूटी देता है और कई बात भी उससे पता चली है । 

विजय ____अब आगे क्या प्लान है आज का ??? 

अजय सिंह ____प्लान तो बनाया नही लेकिन

,,पाकिस्तान से फंड जुटा कर पैसे भारत तो भेजा नही जाता है ये तो यकीन पक्का हो गया , भारत में ही कुछ मौलवी और जमाती है जो मदरसे और मस्जिदो के माध्यम से पैसा भारत के अलग अलग जगह में रह रहे जेहादी को देते है और कुछ लोग और है जो पाकिस्तान ना आकर सऊदी अरब और नेपाल से फंड इधर उधर करते है ।

और इस में भारी संख्या में मुस्लिम युवा है , सोशल मीडिया के माध्यम से ये सब काम बखूबी हो रहा है । 

विजय ____ तो अब ,, 

अजय सिंह ____तो क्या ??? एक बार वहा से जवाब आ जाए उसके बाद कुछ करते है तब तक यहां देखते है इनके बीच रह कर ,, ढूढते है कोई कच्ची कड़ी जिससे तोड़ा जा सकते ,,,,, चल जल्दी रेड्डी हो जा ,, 
तब तक मैं बाहर का नजारा देखता हू,, 


विजय ____नजारा ही देखना,,कुछ और नहीं।

(हंसते हुए ) 

अजय सिंह ____तू भी ना ,, 


विजय ___मजाक कर रहा था ,चल मै जाता हु ,, 




भारत,,,, 

इधर भारत में दुपहर के समय पीएमओ ऑफिस के बाहर जवान अपनी ड्यूटी दे रहे थे ,तभी एक बुजुर्ग व्यक्ति आता है उसने साधु के कपड़े पहने हुए थे हाथ में कमंडल था और एक बैग था ,जवान उसको जाने से रोकता है । 

जवान _____हल्लो बाबा जी किधर,,,दिखता नही क्या ये देश के प्रधानमंत्री का आवास है कोई मंदिर नही,, चलो जाओ यहां से ,,। 


बुजुर्ग व्यक्ति ____बेटा,मैं जानता हू,,और वैसे भी देश के प्रधानमंत्री का आवास किसी मंदिर से कम है क्या ??? 


जवान ____तू हो कोन??? ओर क्या चाहिए? 


बुजुर्ग व्यक्ति ____हमे पीएम साहब से मिलना है । 


जवान ____क्या?? पीएम साहब से और तुम्हे ???

क्यों मजाक कर रहे हो बाबा ,, जाओ जाओ 
तभी एक और जवान आता है और सारी बात को समझने की कोशिश करता है । 


जवान दूसरा _____अरे बाबा इसने समझाया,तुम्हे समझ नही आया,, यहां इसे कोई अंदर नही जा सकता है ,, ये देश के पीएम का आवास है उनकी सुरक्षा हमारी जिम्मेदारी है । 

बुजुर्ग _____  सुरक्षा,, हा सुरक्षा से याद आया हमे पीएम साहब से मिलना है ,हमे उन से कुछ देश की आंतरिक सुरक्षा के बारे में बताना है ,, जाओ उनको बोलो की हम आए है । 

जवान दूसरा _____क्या अजीब आदमी है , पीएम साहब से बोले की कोई महात्मा आप से देश की सुरक्षा के बारे में बाते करने आया है ,,, कही गंजा फूक कर तो नहीं आए ,,,,और वैसे भी अभी उनके आराम का समय जाओ कल आना,,, निकलो इसको ,और आगे से ख्याल रखा करो इसे कोई भी ना आने पाए,,। 

बुजुर्ग व्यक्ति ____मेरी बात सुनो बेटे,, 

जवान ___हमे कुछ नही सुनना,आप निकलो,वरना हमारी नौकरी चली जायेगी ,, 

बुजुर्ग व्यक्ति ____बेटा,,बेटा तुम तो समझदार हो एक बार एक बार उनको जाकर बोलो की सरदार साहब आए है Bp सरदार,, 

तभी मैं गेट पर फोन की रिंग बजती है ,एक जवान उठता है ,, 

जवान____जय हिंद सर,,,,, जी सर,, ओके सर,, हा हा यही है 

(फोन रखता है और जल्दी से बाहर आता है और जोर से आवाज देता है ) 

ओ बाबा , रुको,, (पास खड़े जवान को बोलता है ) इनको आदर के साथ अंदर लेकर जाओ,, पीएम साहब ने भुलाया है 

बुजुर्ग व्यक्ति____हम तो पहले से ही बोल रहे थे ,,आप है की समझ ही नही रहे है ,, देखा खुद पीएम साहब ने हमे भुला लिया । 

जवान____ सॉरी महाराजा जी ,,हमे पता नही आप कोन हो ,,और यहां रोकना टोकना हमारा काम है ,,,, वैसे आप है कोन??? 

बुजुर्ग व्यक्ति____ good job,,, इसका मतलब आप अपने काम को ईमानदारी से कर रहे हो ,,,रही मेरी जानकारी तो वो तो मैं भी नही जायदा बता सकता हु ,,लेकिन आप गेट पर एंट्री के लिए ये पासपोर्ट रख सकते हो ,,,। 

I'd कार्ड जब देखा तो , दोनो एक दूसरे का मुंह देखने लगे और उनको अंदर जाने दिया ।

तभी एक गाड़ी गेट के बाहर आ पहुंची उस गाड़ी में जो आदमी बैठा था उसको देख कर गेट के जवान ने salute मारा और गेट खोल दिया ,,और गाड़ी थोड़ी आगे जाकर रुक गई और उस में से निकल कर एक बुजुर्ग आदमी बाहर आया और उस महात्मा के गले लग गया दोनो बहुत खुश हुए और अपनी गाड़ी में बिठा लिया और गाड़ी आगे बढ़ गई ।।

कहानी आगे जारी रहेगी _______

लेखक भगवत सिंह नरूका
Writer bhagwat Singh naruka