Free Hindi Poem Quotes by Darshita Babubhai Shah | 111833381


मैं और मेरे अह्सास

साथ निभाया है दिल से l
माज़ी को इश्क़ साहिल से ll

थोड़ी रहम करना गरीब पर l
इल्तजा है खुदा आदिल से ll

हौसला बनाए रख आगे बढ़ l
चार कदम दूर है मंज़िल से ll

सखी
दर्शिता बाबूभाई शाह