Hindi Quote in Poem by Anup Gajare

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"राम"
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राम!

क्या ये शब्द है
या वाक्य
अक्षर?

नहीं।

इसकी अनामिकता
जटिल संरचना से
भरे दो ग्राम ने
कभी भी विषद ही नहीं की
या यू कहो तो
ये उसके लिए संभव ही नहीं है।

राम
ब्रह्मांड में अनंत पलों
को जन्म देता है
सृजन का निर्माण ही
यहां से हुआ है
और विनाश भी
अपनी अंतिम श्वास
इसके लिए ही तो
खर्च करता है, था, या रहेगा।

यू ही नहीं
इस शब्द को
किंकर ने छाती फाड़
दिखाया।

निर्णय लेने की
बेहद रुक्ष क्रिया
ही इस शब्द को बुनती रही।

चौदह साल
वनवास
यानी सिर्फ जंगल में रहना नहीं होता
वहां के परिवेश में घुलते हुए
नमक की तरह एक होना ही
वनवास है
बस पिता के किसी काल
में दिए वचन में बंधकर
अरण्य में विचरण करना
कितना कठिन होता है।

वर्तमान
समय में क्या कोई
ऐसा कर सकता है
दो घंटे पिता के कहने पर
अपना प्रिय मोबाईल
न छोड़े कोई।

फिर भी
राम
किसी ग्रंथ में बंद
किसी मंदिर में स्थापित
या किसी नारे में अटका हुआ
नहीं है।

वह तो
उस क्षण में जन्म लेता है
जब कोई
अपनी इच्छा के विरुद्ध
सही का चयन करता है।

जब
भीतर का रावण
दसों दिशाओं में
तर्क लेकर खड़ा होता है
और फिर भी
एक क्षीण-सी आवाज
निर्णय लेती है—
वही
राम है।

धर्म
यहाँ शास्त्र नहीं
स्थिति है,
और
अधर्म
कोई राक्षस नहीं
बल्कि
वह सरल रास्ता है
जिसे चुनना
हम रोज़ चाहते हैं।

राम
कभी तीर नहीं चलाता
पहले वह
स्वयं को साधता है,
वह जानता है
कि सबसे कठिन युद्ध
लड़ाई नहीं,
त्याग है।

आज
अरण्य
पेड़ों में नहीं
स्क्रीन के भीतर उग आया है,
जहाँ
हर क्षण
मृगमारीच की तरह
कुछ चमकता है
और हम
पीछे दौड़ते रहते हैं।

सीता
अब कोई स्त्री नहीं
बल्कि
मन की वह शांति है
जो हर बार
भटकने पर
हर ली जाती है।

और लक्ष्मण रेखा?
वह
किसी भूमि पर खींची रेखा नहीं
बल्कि
वह मर्यादा है
जिसे हम
जानबूझकर पार करते हैं।

राम
अब भी
वहीं खड़ा है—
किसी अयोध्या में नहीं
किसी वन में नहीं
बल्कि
उस छोटे-से निर्णय में
जहाँ
कोई देख नहीं रहा होता
और फिर भी
तुम
सही चुनते हो।

शायद
राम
कभी जन्मा ही नहीं
और कभी मरा भी नहीं,
वह
हर उस मनुष्य में
धीरे-धीरे बनता है
जो
अपने भीतर के शोर के बीच
एक क्षण के लिए
सत्य को सुन लेता है।
और तब
कोई युद्ध नहीं होता
कोई विजय नहीं होती
बस
एक मौन जन्म लेता है—
जिसे
तुम
राम कहते हो।

या शायद
सन्नाटे से भी
आगे जो कुछ है, था, रहेगा
वही राम है, था, रहेगा।
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Hindi Poem by Anup Gajare : 112020937
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