Most popular trending quotes in Hindi, Gujarati , English

World's trending and most popular quotes by the most inspiring quote writers is here on BitesApp, you can become part of this millions of author community by writing your quotes here and reaching to the millions of the users across the world.

New bites

https://www.instagram.com/reel/DS1Y5jukirW/?igsh=ZmxpZmRrZGxmMnpn

ममता गिरीश त्रिवेदी की कविताएं

mamtatrivedi444291

जिसका जाना तय है, वह जाएगा ही।

फिर वो कोई

इंसान हो,
चीजें हो,
वक्त हो,
या कलैंडर की तिथियां।


बस सब जाएगा, वक्त के साथ ही
यह सब वक्त के गुलाम हैं।

जिनको जो वक्त मिला उसको जी लिया,

बस,

वहीं उसने जी लिया,
हमेशा संभावनाएं संभावित ही होती है।

जिंदगी खुशियों से जीना है तो गिले -शीकवे, ईर्ष्या, क्रोध को त्यागना होगा।

काले बादल हटने से ही सुर्य की सोनेरी किरणें दिखती है।

parmarmayur6557

🙏🙏सुप्रभात 🙏🙏
🌹आपका दिन मंगलमय हो 🌹

sonishakya18273gmail.com308865

🙏🙏ओम् नमः शिवाय 🙏🙏

sonishakya18273gmail.com308865

નજાકત એવી કે શબ્દો પણ શરમાય જાય,
નજર ઊઠે તો મૌન પણ કશું બોલી જાય.

હળવાં હાસ્યમાં છુપાયેલો સદીઓનો અર્થ,
એક પળમાં દિલના દરિયા બની વહી જાય.

પાયલના નાદ જેવી ચાલ એની એકદમ શાંત,
જો પગલાં પડે એનાં સમય પણ થોભી જાય.

એ ન બોલે તો પણ વાતો લખાય હવામાં,
એની ખામોશીથી શોર પણ સમાય જાય.

હેતની અદા જ એવી નિરાલી કે જગ જીતી લે,
દૂર રહે તો પણ હૃદયની સદા આસપાસ વહે.

palewaleawantikagmail.com200557

आज सोशल मीडिया पर लेखकों के लिए उपलब्ध अधिकांश ऐप्स, लेखन के हर रूप से केवल अपनी कमाई निकालने में लगे हुए हैं। विडंबना यह है कि वर्षों से मौजूद लेखकों की रचनाएँ भी अब प्रीमियम के बिना सीमित कर दी जाती हैं।

मुझे स्पष्ट रूप से याद है कि 7–8 वर्ष पहले, जब मैंने Kuku FM, Quotes और Matrubharti जैसे प्लेटफॉर्म जॉइन किए थे, तब इनका रवैया बिल्कुल अलग था। उस समय बिना किसी प्रीमियम के कहानियाँ, कविताएँ और कोट्स प्रकाशित किए जा सकते थे। ऐप संचालक विज्ञापनों से आय अर्जित करते थे और लेखकों को कम से कम स्वतंत्र अभिव्यक्ति का अवसर मिलता था।

आज स्थिति यह है कि नए और पुराने लेखकों में कोई अंतर नहीं किया जाता। वर्षों की साधना और अनुभव रखने वाले लेखक और आज आए नए लेखक—दोनों को एक ही पंक्ति में खड़ा कर दिया गया है। यह व्यवहार न तो न्यायसंगत है और न ही स्वीकार्य।

सच यह है कि लेखकों के बिना ये ऐप्स अस्तित्व में ही नहीं रह सकते, फिर भी लेखक सबसे उपेक्षित वर्ग बना हुआ है। यदि ऐप संचालक चाहें तो कम से कम लेखक की पोस्ट पर मिलने वाले लाइक, कमेंट और रीड्स के आधार पर प्रोत्साहन या पारदर्शी लाभ-साझेदारी तो दे ही सकते हैं—पर ऐसा कहीं देखने को नहीं मिलता।

यहाँ शब्दों और साहित्य से अधिक प्राथमिकता ऐप संचालकों की कमाई को दी जाती है। लेखक खुश हो जाता है यह देखकर कि आज उसकी पोस्ट पर इतने लाइक और कमेंट आ गए, लेकिन सच्चाई यह है कि न लाइक से लोकप्रियता मिलती है, न उससे कोई वास्तविक आमदनी होती है।

कई प्लेटफॉर्म पर दिखाया जाने वाला कुल लाइक और व्यूज़ का आँकड़ा भी अक्सर कंप्यूटर-जनित और पूर्व-नियोजित खेल मात्र होता है, जिसके सहारे लेखकों को यह भ्रम दिया जाता है कि वे आगे बढ़ रहे हैं—जबकि वास्तविक लाभ कोई और ही उठा रहा होता है।

अंततः यह सब लेखकों की स्वयं की चेतना और सोच पर निर्भर करता है।
क्योंकि यदि आपकी मेहनत की कमाई कोई दूसरा खा रहा है और आप केवल लाइक-ग्राफ में उलझे हुए हैं, तो आप अपनी सबसे कीमती पूँजी—समय और प्रतिभा—दोनों व्यर्थ कर रहे हैं।

अब निर्णय आपको करना है—
सिर्फ दिखावे की सराहना चाहिए या अपने लेखन का वास्तविक सम्मान।
---

deepakbundela7179

😂imran 😂

imaranagariya1797

My dream is waiting for me

manishakumari419144

श्मशान तो मैंने उसी दिन देख लिया, जब तुमने मुझे छोड़ किसी ओर का हाथ थाम लिया, ख़ाक भी हो जाता उसी पल, बस कोई जलाने वाला न था.....!!

anisroshan324329

हमने रिश्ते बनाए जैसे ताले बिना चाबी के, सुंदर तो बहुत थे पर खुलते किसी से नहीं थे।

anisroshan324329

‎🌹 Part 3
‎“हमारी कहानी शब्दों की मोहताज नहीं,
‎बस एक नज़र
‎और दिल सब समझ लेता है…” ✨

vikramkori

KHAMOSH REHNE KI WAJAHE NAΖΑΝΕ ΚΙΤΝΙ HAI.. MERI CHALTI SAANSO SE PUCHO ULJHANE KITNI HAI

खामोश रहने की वजहे नज़ाने कितनी है.. मेरी चलती साँसों से पूछो उलझने कितनी है

anisroshan324329

प्रिय ! अगर तुम किसी और के हुए, तो मेरे हृदय से स्वतः ही उतर जाओगे

anisroshan324329

माँ, मैं उन हर पुरानी चीज़ों को भूल जाऊँगी।
काली, शायद मैं उनके या वे मेरे योग्य नहीं थे।
मगर माँ,
आपके सिवा मेरा कोई सहारा भी नहीं।
मैं आपको सदा अपने दिल से लगाकर रखना चाहती हूँ,
बिलकुल अपने शिव–गोरक्ष की तरह।
आप मेरे लिए मेरी स्वामिनी बन जाना।
मेरे नाथ, मेरे गुरु की तरह,
मैं सदा योग्य बनने की कोशिश करूँगी।

— पिंक लोटस 🌸❣️
for my kali❣️

om shiv gorksh
joy maa kali

krishnatadvi838176

कुछ एहसास ऐसे भी होते हैं, जिनका कोई नाम नहीं होता
हर दर्द को आँसू नहीं मिलते,
हर खुशी को मुस्कान नहीं मिलती,
और हर एहसास को शब्द नहीं मिलते।
कुछ भावनाएँ बस मन के किसी कोने में चुपचाप बैठ जाती हैं—
ना शिकायत करती हैं,
ना सवाल पूछती हैं,
बस मौजूद रहती हैं।
हम अक्सर उन्हीं बातों को सच मान लेते हैं, जिन्हें ज़ोर से कहा गया हो।
लेकिन ज़िंदगी का सबसे गहरा सच अक्सर वही होता है,
जो कभी कहा ही नहीं जाता।
कभी महसूस किया है—
हँसते हुए अचानक मन का भारी हो जाना?
सबके बीच होते हुए भी भीतर का अकेलापन?
किसी की मौजूदगी में भी उसका न होना?
ये वही एहसास हैं,
जिनका कोई नाम नहीं,
पर वजूद पूरा है।
हम इन्हें समझाने की कोशिश करते हैं,
तो लोग सलाह देने लगते हैं।
हम इन्हें छुपाने की कोशिश करते हैं,
तो ये और गहरे हो जाते हैं।
शायद ज़रूरत इन्हें बदलने की नहीं,
स्वीकार करने की है।
क्योंकि हर अधूरी बात अधूरापन नहीं होती,
हर खामोशी खाली नहीं होती,
और हर टूटन हार नहीं होती।
कुछ टूटना इसलिए ज़रूरी होता है
ताकि हम जान सकें—
हम सच में क्या हैं,
और क्या नहीं।
जिस दिन हम अपने अनाम एहसासों से डरना छोड़ देंगे,
उसी दिन ज़िंदगी हमें थोड़ी और अपनी लगेगी।
क्योंकि कभी-कभी
खुद को समझ लेने के लिए
दुनिया का समझना ज़रूरी नहीं होता।

amreen5656

મારે હવે ખુદને મેળવવી છે.

diptisagarka948977

one day, i become a writter,💕💕💕💕💕💕💕💕support me yaar💕💕💕💕💕💕Follo kro,

payalpardhi731402

अपेक्षा में हम मुट्ठी बंद रखते हैं—अपनी चाहत, उम्मीदें और अधिकार जकड़ लेते हैं। इसी जकड़न में रिश्ते और भावनाएँ धीरे-धीरे मुरझा जाती हैं, जैसे हाथ में दबा हुआ फूल।
त्याग में हथेली खुली होती है—बिना शर्त देना, स्वीकार करना और मुक्त छोड़ देना। खुला मन ही प्रेम, शांति और सच्ची खुशी को खिलने देता है, जैसे खुली हथेली में खिला फूल।

✨ सीख: जहाँ अपेक्षाएँ बोझ बन जाती हैं, वहीं त्याग जीवन को हल्का और सुंदर बना देता है।

nensivithalani.210365

good morning

mrsfaridadesar

dp writes🤍📚🌻

desaipragati1108gmail.com102305

बैठ के हम दोस्तों ने जमाने की रुसवाई कारी
हमने कुछ बुराई करी उसने कुछ बढ़ई करी
रोज कहीं आना और जाना था
बस यही हम दोस्तों का फसाना था

ashumishra046086

ठंडी हवाओं में धूप का आनंद क्या
सुबह की चाह में दोपहर का आनंद क्या
शाम की मध्य रोशनी में रात का आनंद क्या
जीवन के गम में खुशी का आनंद क्या

ashumishra046086

😁imran 😁

imaranagariya1797